हमारा लक्ष्य भारत को 2050 तक वर्ल्ड हैप्पीनेस इंडेक्स में 116वें स्थान से प्रथम स्थान पर पहुँचाने का है। यदि 21 वर्ष से कम आयु का बालक/युवा 25 वर्षों तक इस निश्चित सिस्टम का पालन करे, तो उसका स्वस्थ, तेजस्वी एवं धनवान बनना 100% निश्चित है।
— स्वामी विवेकानन्द (युवा चेतना के अमर प्रेरणास्रोत)
अगले 25 वर्षों में देश का नेतृत्व करेगी भारत की युवा पीढ़ी
7 मिनट योग + 5 मिनट प्राणायाम + 10 मिनट ध्यान + 5 मिनट पठन + 3 मिनट रिपोर्टिंग
एक संतुलित और प्रभावशाली व्यक्ति बनने हेतु इन पाँचों आयामों को समान महत्व प्रदान करना अनिवार्य है:
आस्था व आत्मबल: मैं शरीर नहीं वरन् सच्चिदानंद स्वरूप आत्मा हूँ। मुझमें अनंत शक्तियाँ विद्यमान हैं।
परिवार: माता-पिता एवं परिवारजनों के साथ प्रेम, सम्मान, सामंजस्य और 6 माह में परिचर्चा समीक्षा।
सद्मित्र संगति: सकारात्मक, चरित्रवान और लक्ष्य के प्रति समर्पित मित्रों का साथ, नशा व बुराई से दूरी।
शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य: योग, प्राणायाम, 32 बार चबाना, PH > 7 क्षारीय जल व आहार, 1 घंटा खेल।
आर्थिक स्वतंत्रता: दैनिक छोटी बचत को म्यूचुअल फंड में निवेश कर 25 वर्षों में न्यूनतम 1 करोड़ का फंड।
कोई भी परिवार, समाज अथवा देश तभी प्रगति करता है जब अधिकतर व्यक्ति स्वस्थ और प्रसन्न हों।
वर्तमान में भारत विश्व हैप्पीनेस इंडेक्स में 116वें स्थान पर है। हमारा अटूट संकल्प है कि 2050 तक भारत विश्व में प्रथम स्थान पर पहुँचे। यह तभी संभव होगा जब हमारे देश का बालक और युवा स्वस्थ, तेजस्वी और धनवान बने।
भारत की कुल जनसंख्या का लगभग 65% (करीब 98 करोड़) 30 वर्ष से कम आयु का है। यही युवा अगले 25 वर्षों में प्रशासनिक, व्यावसायिक, सामाजिक, औद्योगिक और राजनैतिक क्षेत्रों में देश का नेतृत्व करेंगे।
जिस प्रकार किसी मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री में एक तरफ से कच्चा माल डाला जाता है और दूसरी तरफ से फिनिश्ड प्रोडक्ट निकलता है, वैसे ही इस 25-वर्षीय सिस्टम से निकला प्रत्येक युवा एक स्वस्थ-तेजस्वी-करोड़पति बनकर निकलेगा।
हर छह माह में अभ्यर्थियों एवं उनके परिजनों के साथ विशेष परिचर्चा द्वारा प्रगति की समीक्षा की जाएगी। साथ ही युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए देश के चुने हुए प्रशासनिक, तकनीकी, वित्तीय एवं आध्यात्मिक विशेषज्ञों के साथ भेंट व विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे।
आपको अपनी दिनचर्या में से केवल आधा घंटा इस निश्चित सिस्टम के लिए निकालना है। जानिए समय का सटीक और वैज्ञानिक विभाजन:
चेक करके देखें आपका आज का अनुशासन स्कोर:
मॉडर्न गुरुकुल के इस 25-वर्षीय रूपांतरण सिस्टम से जुड़ने के इच्छुक किसी भी किशोर/युवा को वृक्षासन अथवा पद्मासन में से किसी एक आसन में कम से कम तीन मिनट तक बिना हिले-डुले रुकने की क्षमता का वीडियो प्रमाणीकरण कराना होगा।
एक पैर पर संपूर्ण संतुलन एवं हाथ नमस्कार मुद्रा में ऊपर।
दोनों पैरों को जंघाओं पर क्रॉस कर ज्ञान मुद्रा में ध्यानस्थ बैठना।
कोई भी कार्य जब निष्ठा पूर्वक निरंतरता के साथ किया जाता है तो वह आदत बन जाता है और अच्छी आदतों से ही मनुष्य, परिवार, समाज और देश सशक्त बनता है।
कृपया अपनी भूमिका का चयन करें:
मैं एक छात्र/युवा हूँ (21 वर्ष से कम) और अपनी दैनिक गतिविधियों को अनुशासित करना चाहता हूँ।
मैं एक माता/पिता हूँ और अपने बच्चे की सर्वांगीण प्रगति व भविष्य को संवारना चाहता हूँ।
कृपया नीचे दिए गए संकल्पों को ध्यानपूर्वक पढ़ें एवं अपनी स्वीकृति प्रदान करें:
कृपया सही जानकारी भरें ताकि आपका डिजिटल सदस्यता पत्र बन सके:
सिस्टम में प्रवेश हेतु 3 मिनट तक आसन में ठहरने का वीडियो प्रमाण आवश्यक है:
एक पैर पर 3 मिनट का निरंतर शारीरिक संतुलन
ध्यान मुद्रा में 3 मिनट की स्थिर पद्मासन साधना
यहाँ क्लिक करके वीडियो फ़ाइल अपलोड करें (वैकल्पिक: बाद में भी भेज सकते हैं)
आपका आवेदन विज़न भारत 2050 (मॉडर्न गुरुकुल) में पंजीकृत हो चुका है। आपका डिजिटल सदस्यता कार्ड नीचे दिया गया है:
विज़न भारत 2050 कार्यक्रम, योग पात्रता और 30 मिनट रूटीन के संबंध में सामान्य प्रश्न: